ग्वालियर मध्य प्रदेश: वर्दी को बदनाम करने वाले तमाम घटनाएं आपने सुनी होंगी, अब ऐसी ही एक हैरान करने वाली घटना ग्वालियर से सामने आ रही है, जहां वर्दी के रोग के आड़ में सरकारी क्वार्टर में ही दो आरक्षक जुए का अड्डा संचालित कर रहे थे। वे इतने बेखौफ थे कि खुलेआम जुए का अड्डा चला रहे थे और इस अड्डे पर आए जुआरियों को रौब के साथ दंभ भरते हुए विश्वास दिलाते थे कि यहां मजे से खेलो यहां कोई नहीं आ सकता, पुलिस भी नहीं आ सकती। और वर्दी की आड़ में वर्दी की गरिमा को तार तार करते हुए, इन दो आरक्षकों ने कानून का तमाशा बना दिया।
मामला ग्वालियर की एसएएफ बटालियन का है। लंबे समय से ग्वालियर एसपी धर्मवीर सिंह यादव को सूचना मिल रही थी कि एसएएफ की चौदहवीं बटालियन के पुरानी सरकारी आवास में जुए का अड्डा चल रहा है। और यहां रोज धड़ल्ले से जुआ चलता है और यह अड्डा कोई और नहीं बल्कि एसएएफ के दो आरक्षक ही संचालित कर रहे हैं। एसपी ग्वालियर ने क्राइम ब्रांच को मामला देकर पूरी तफ्तीश करवाई और पुख्ता सबूत मिलने पर दबिश की तैयारी की।
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एसपी ग्वालियर के निर्देश पर क्राइम ब्रांच की टीम और कम्पू थाना पुलिस ने जब संयुक्त रूप से एसएएफ के पुराने क्वार्टर पर दबिश दी तो वहां भगदड़ मच गई, लेकिन पुलिस ने पीछा कर सभी जुआरियों को पकड़ लिया। केवल एक युवक भागने में कामयाब रहा। यह जुए का अड्डा एसएएफ का आरक्षक धीरेंद्र सिंह चौहान संचालित करवा रहा था और एक और आरक्षक मलखान सिंह इसका साथ दे रहा था। पुलिस ने इन दोनों आरक्षकों के साथ दस जुआरियों को गिरफ्तार किया है।कार्रवाई होने के बाद इन दोनों आरक्षकों को निलंबित कर दिया गया है।
पकड़े गए आरक्षकों के बारे में वहां जुआ खेल रहे लोगों ने पुलिस को बताया की लंबे समय से वहाँ जुआ खेल रहे हैं। धीरेंद्र सिंह चौहान यह अड्डा चलाता है।उसने एक व्हाट्सएप ग्रुप बना रखा है जहां से वह लोगों को जोड़ता है।कमीशन के रूप में वह हर दिन पाँच हज़ार रुपये कमाता है। वहां जुआ खेलने आने वाले लोगों को आरक्षक विश्वास दिलाता था कि यह जगह सुरक्षित है, यहां कोई नहीं आ सकता।पुलिस भी नहीं आ सकती।बेखौफ होकर यहां जुआ खेलो।
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पुलिस कार्रवाई में कुल दस लोगों को पकड़ा गया है। दूसरी बटालियन के आरक्षक धीरेंद्र सिंह चौहान को ₹25000 के साथ 13वीं बटालियन के आरक्षक मलकहन सिंह को ₹35000 के साथ पुरुषोत्तम कुमार घासमंडी को ₹40000 के साथ अशोक कुशवाह, सैनिक कॉलोनी को ₹30000 के साथ सत्येंद्र गुप्ता महलगांव को ₹35000 के साथ राजेश गुप्ता महलगांव को ₹30000 के साथ सुनील तोमर सैनिक कॉलोनी बीस हजार रुपए के साथ राहुल यादव हाथियापौर, अठारह हजार रुपए के साथ भूरा सिंह सागरताल को तीस हजार रुपये के साथ और सचिन बदनापुरा को सैंतीस हजार रुपये के साथ गिरफ्तार किया गया है।
वर्दी की आड़ में कानून से खेलने का शौक इन दोनों आरक्षकों को अब भारी पड़ गया है।दोनों को गिरफ्तार तो किया ही है साथ में दोनों की नौकरी भी चली गई है। दोनों को निलंबित किया गया है और अब दोनों पर विभागीय जांच भी बिठाई गई है।पुलिस ने इस कार्यवाही में दस लोगों से नो मोबाइल फोन बरामद किए हैं और साथ ही लगभग तीन लाख रुपए कैश बरामद किया है।
