ग्वालियर मध्य प्रदेश : ग्वालियर के गोला का मंदिर थाना क्षेत्र अंतर्गत पिंटो पार्क इलाके में अनाज में रखे कीटनाशक से जहरीली गैस बनने से एक चार वर्षीय मासूम की मौत हो गई और तीन लोग बेहोश हो गए। मकान किसी कृष्णा यादव का बताया जा रहा है जहां नीचे सतेंद्र शर्मा का परिवार रहता था जिसके साथ यह घटना घटित हुई। प्रारंभिक जांच में पता चला है कि गेहूं में रखी सल्फास की गोलियों से गैस बनी और वही गैस मौत का कारण बनी। पुलिस ने घटनास्थल पर पहुंच कर जांच पड़ताल शुरू कर दी है।
ग्वालियर के पिंटो पार्क स्थित प्रीतम बिहार कालोनी में एक मकान में अनाज की बोरियों में रखे कीटनाशक से बनी जहरीली गैस के चलते बड़ा हादसा हो गया। मकान श्रीकृष्ण यादव का है जो अपने परिवार के साथ तीसरी मंजिल पर इसी मकान में रह रहा था। अनाज की सुरक्षा के लिए रखी गई कीटनाशक से जहरीली गैस बन गई जिससे किराएदार के मासूम बालक वैभव शर्मा की मौके पर ही मौत हो गई वहीं तीन लोगों को गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
घटना के बाद से ही श्रीकृष्ण यादव परिवार सहित मकान छोड़कर भाग गया। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर घटना की जांच प्रारंभ कर दी है। पुलिस के मुताबिक प्रथमदृष्टया मकान मालिक ने गोहद से लाकर अपने मकान में रखे अनाज में कीटनाशक की 15 से 20 गोलियां रखी थी जिससे गैस बनी और हादसा हुआ एफएसएल की टीम ने सैम्पल कलेक्ट किए हैं और कीटनाशक जब्त कर लिया है और घटना की जांच की जा रही है। पूरे मामले में अभी तक की गई पड़ताल से यही पता चला है कि मकान मालिक श्रीकृष्ण यादव की लापरवाही के चलते ही यह घटना हुई है।
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इस पूरे मामले में मृत मासूम वैभव की माँ ने अपनी दर्दनाक दास्ता सुनाई। उसका कहना है कि मकान मालिक से दवाई डालने पर आ रही दुर्गंध की शिकायत की थी जिसे उसने गंभीरता से नहीं लिया और बाद में जब मेरी तबीयत बिगड़ी तो मैं शौच के लिए गई बाहर आकर देखा तो मेरी बेटी अचेत पड़ी थी। मेरा बेटा भी कुछ दूरी पर अचेत पड़ा था। मेरी हालत भी सही नहीं थी। मैं घिसटते हुए अपने बेटे के पास पहुँची वह तेज झटके से साँसें ले रहा था। मकान मालिक को मेरे पति ने बाहर भाग कर बुलाया और मेरे मासूम बेटे ने मेरे सामने ही दम तोड़ दिया। मासूम की माँ रजनी शर्मा अपनी यह दर्दनाक आपबीती सुनाते हुए भी बेसुध अवस्था में हैं। फिलहाल महारज ने और बेटी और पति गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती हैं।
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इस पूरे मामले में हमारे सिस्टम की लापरवाही भी सामने नजर आ रही है। क्योंकि सल्फास एक जहरीला केमिकल है और खुले आम। इसको इस तरह से बेचना प्रतिबंधित है। कागजों में प्रतिबंध के बावजूद भी यह खतरनाक केमिकल सल्फास खुलेआम बिकता रहता है जिसका प्रयोग कई बार आत्महत्या करने के लिए भी पाया गया है और इस तरह से सल्फास को खरीदकर एक घर में मकान मालिक द्वारा प्रयोग किया गया जानकारी में आया है कि यह सल्फास मकान मालिक श्रीकृष्ण यादव ने गुहद की एक दुकान से खरीदा था। यदि सल्फास के बिक्री पर प्रतिबंध सख्ती से लागू होता तो यह घटना नहीं होती।
