दतिया मध्य प्रदेश: नवरात्रि चल रहे हैं और पूरे देश में इस समय लोग कन्याओं के पूजन में लगे हुए हैं। लेकिन इसी बीच दतिया से एक ऐसी शर्मसार करने वाली खबर सामने आ रही है जहां कन्या भोज में शामिल होने जा रही एक 10 साल की मासूम बच्ची को एक दरिंदे ने अपनी हवस का शिकार बना लिया और यहां और भी ज्यादा हैरानी की बात यह रही कि यह दरिंदा इस मासूम का रिश्ते में चाचा है।इसने षड्यंत्रपूर्वक सुनसान जगह पर ले जाकर अपनी ही भतीजी को हवस का शिकार बनाया।
प्राप्त जानकारी की मानें तो दतिया के दुरसड़ा के गाँव में कन्या भोज में शामिल होने के लिए यह मासूम बालिका जा रही थी। घटना के बारे में बच्ची की मां ने पुलिस को बताया कि वह अपने पति और बेटे बेटी के साथ बाइक से अपने एक रिश्तेदार के यहां कन्या भोज में शामिल होने गए थे और इसी दौरान उसका मुंह बोला देवर जब वहां से गुजरा तो उसने अपनी बेटी को देवर रवि अहिरवार की बाइक पर बिठा दिया। कुछ देर तक दोनों साथ ही चले। इसी बीच महिला अपने पति के साथ भांडेर में एक परिचित के यहां रुक गए और रबी अहिरवार उसकी बेटी को लेकर आगे निकल गया।
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रवि के इरादे अपनी भतीजी को लेकर सही नहीं थे और उसको मौका मिल गया और उसने मौका देखते ही उस मासूम को अपनी हवस का शिकार बना लिया। नहर किनारी झाड़ियों में वह मासूम को ले गया और उसके साथ दुष्कर्म किया। उसकी दरिंदगी इतने पर ही खत्म नहीं हुई उसने मासूम को नहर में फेंक देने की धमकी तक दी लौटने पर जब मासूम ने अपनी बात माँ को बताई तो माँ ने पुलिस थाने में पहुंचकर घटना की जानकारी पुलिस को दी। पुलिस के अनुसार आरोपी के खिलाफ दुष्कर्म और पॉक्सो एक्ट का मामला दर्ज कर लिया है।

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यह घटना एक बहुत बड़ा सवाल खड़ा करती है कि किस तरह लोगों का चरित्र पतन हो चुका है। वह 10 साल की मासूम को भी अपनी हवस का शिकार बनाने से नहीं छोड़ते उनके लिए उनकी हवस और वासना ही सब कुछ है। इसके आगे उन्हें न रिश्ते दिखाई देते हैं और न ही इंसानियत और इस मामले में सबसे बड़ी हैरान करने वाली बात यह भी है कि मासूम बच्ची कन्या भोज में शामिल होने जा रही थी क्योंकि इस समय नवरात्र के पवित्र दिन चल रहे हैं। वह 9 दिन जब स्त्री शक्ति के रूप में हम माँ की आराधना करते हैं पूजा करते हैं। और उसी के बाद माँ स्वरूपा छोटी बच्चियों को पूजन करके उनको भोज कराते हैं।
