डिजिटल डेस्क नागपुर: मानवता को शर्मसार करने वाली एक ऐसी घटना जो आपको झंझकोर कर रख देगी। मामला नागपुर जबलपुर हाइवे का है जहां एक सड़क दुर्घटना में एक ट्रक की टक्कर से पत्नी की मौत हो जाती है। पति तमाम लोगों से मदद की गुहार लगाता है उसे जब कहीं से भी कोई भी मदद नहीं मिलती तो। आखिरी में मजबूरन उसके पास एक ही रास्ता होता है। अपने पत्नी के शव को अपने घर ले जाए लेकिन उसका घर 80 किलोमीटर दूर है वहां तक जाने के लिए उसके पास होती है। उसकी मोटरसाइकिल जिस पर वह अपनी पत्नी के शव को बांधता है और मानवता को आईना दिखाता हुआ चल पड़ता है अपने गांव की ओर
यह घटना एक और मानवता मर चुकी है इस हकीकत को बयां करती है। तो दूसरी ओर उस सरकारी तंत्र। की लापरवाही भी उजागर करती है जिसमें जनता के लिए तमाम सुविधाओं के दावे किए जाते हैं। एंबुलेंस और शव वाहिका होने की वाहवाही लूटी जाती है। लेकिन इस तरह की तमाम घटनाएं कुछ और ही हकीकत बयां करती हैं लेकिन जिस तरह से आम जन भी इसकी मदद के लिए नहीं रुके उसकी पत्नी के शव को गांव तक पहुंचाने का इंतजाम नहीं किया वह यह हकीकत भी बयां कर रहा है शायद मानवता ही मर चुकी है और यह बाइक पर पत्नी का शव नहीं मानवता का शव ले जा रहा है।
नागपुर में रहने वाला अमित यादव अपनी पत्नी ग्यारसी के साथ अपनी बाइक से मध्यप्रदेश के सिवनी जिले के लखनादौन स्थित अपने गाँव करनपुर के लिए निकला था। नागपुर से कुछ दूरी पर ही दिवला पार में हाईवे पर ही एक ट्रक ने उसे टक्कर मार दी। टक्कर में पत्नी ग्यारसी की घटना स्थल पर ही मौत हो गई हालांकि अमित भी घायल था। वह काफी देर तक सड़क पर लोगों से मदद की गुहार लगाता रहा लेकिन उसको न। तो प्रशासनिक मदद मिली न कोई पुलिस वहां पहुंची ना। ही वहां से निकलते कथित इंसानों ने उसकी कोई मदद की और मजबूरन उसने अपनी पत्नी के शव को बाइक पर पीछे बांधा और मध्य प्रदेश के सिवनी जिले स्थित अपने गांव करनपुर के लिए चल दिया।

जब अमित यादव अपनी पत्नी का शव बांधकर ले जा रहा था। और वह खुमारी टोल नाका पर पहुंचा। वहां पुलिस ने इस हालत में देखकर उसे रोकने की कोशिश की और उसका वीडियो बना लिया। काश यह वीडियो न बनाया होता तो मानवता इस तरह नंगी नहीं होती। यहाँ हम प्रशासन और सिस्टम से ज्यादा दोष मानवता। को ही देंगे क्योंकि जब भी कोई घटना होती है अमूमन सबसे पहले आसपास के लोग ही मदद के लिए पहुंचते हैं और यथासंभव पीड़ितों को बचाने का और अस्पताल पहुंचाने का काम करते हैं। लेकिन जिस तरह से यह घटना हुई यह शाह बताती है की कहीं ना कहीं कुछ लोगों के अंदर संवेदनाएं मर चुकी हैं। हालांकि नागपुर पुलिस ने सिवनी स्थित उसके गांव का पता लगाकर शव को पोस्टमार्टम के लिए नागपुर भेजा है। जाँच के बाद एफआईआर की बात भी नागपुर पुलिस कर रही है।
